भारत में कृषि एक महत्वपूर्ण क्षेत्र है, जिसमें लाखों किसान अपनी आजीविका के लिए निर्भर रहते हैं। प्राकृतिक आपदाओं, असमय बारिश, सूखा, ओलावृष्टि और अन्य कृषि जोखिमों के कारण किसानों को कई कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। इन्हीं समस्याओं के समाधान के लिए बिहार सरकार ने बिहार राज्य फसल सहायता योजना 2025 की शुरुआत की है।
यह योजना उन किसानों के लिए वरदान साबित होगी, जिन्हें फसल नुकसान की भरपाई के लिए आर्थिक सहायता की आवश्यकता होती है। इस लेख में हम इस योजना के उद्देश्य, लाभ, पात्रता, आवेदन प्रक्रिया और अन्य महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान करेंगे।
Key Takeaway : Bihar Rajya Fasal Sahayata Yojana 2025: बिहार राज्य फसल सहायता योजना रबी 2024-25 ऑनलाइन आवेदन शुरू
- किसानों को वित्तीय सहायता: यह योजना प्राकृतिक आपदाओं के कारण फसल के नुकसान पर किसानों को मुआवजा प्रदान करती है, जिसमें कोई प्रीमियम शुल्क नहीं लिया जाता।
- डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT): मुआवजा राशि सीधे किसानों के बैंक खातों में ट्रांसफर की जाती है, जिससे प्रक्रिया तेज और आसान होती है।
- पात्रता मानदंड: किसान को बिहार का स्थायी निवासी होना चाहिए और उनके पास कृषि भूमि या पट्टे पर खेती का अधिकार होना चाहिए।
- ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया: किसान इस योजना के लिए आधिकारिक वेबसाइट के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं, जिससे यह प्रक्रिया सरल और सुलभ बनती है।
- समय पर सहायता: इस योजना के तहत किसानों को जल्दी वित्तीय सहायता मिलती है, जो फसल नुकसान की गंभीरता के आधार पर प्रदान की जाती है।
🔹 बिहार राज्य फसल सहायता योजना 2025 क्या है?

बिहार राज्य फसल सहायता योजना (Bihar Rajya Fasal Sahayata Yojana) एक राज्य सरकार द्वारा संचालित योजना है, जिसका उद्देश्य किसानों को उनकी फसल के नुकसान की भरपाई के लिए वित्तीय सहायता प्रदान करना है।
यह योजना केंद्र सरकार की प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना (PMFBY) से अलग है और इसमें किसानों को बीमा कंपनियों पर निर्भर नहीं रहना पड़ता। बिहार सरकार स्वयं किसानों को मुआवजा प्रदान करती है।
🔹 इस योजना के उद्देश्य
- किसानों को प्राकृतिक आपदाओं से हुए फसल नुकसान की भरपाई करना।
- राज्य में कृषि को अधिक स्थिर और सुरक्षित बनाना।
- किसानों की आय को बढ़ावा देना और उन्हें आर्थिक सुरक्षा प्रदान करना।
- खेती में किसानों की रुचि को बनाए रखना और आत्मनिर्भर बनाना।
- राज्य में कृषि उत्पादन को बढ़ावा देना।
🔹 बिहार राज्य फसल सहायता योजना 2025 के लाभ

✅ बिना प्रीमियम के बीमा सुरक्षा – किसानों को इस योजना के तहत किसी भी प्रकार का बीमा प्रीमियम नहीं देना पड़ता।
✅ सीधे बैंक खाते में राशि ट्रांसफर – मुआवजा राशि सीधे किसानों के बैंक खाते में DBT (Direct Benefit Transfer) के माध्यम से भेजी जाती है।
✅ तेजी से मुआवजा वितरण – बीमा कंपनियों के झंझट से मुक्त होकर राज्य सरकार द्वारा त्वरित सहायता प्रदान की जाती है।
✅ छोटे और सीमांत किसानों के लिए फायदेमंद – इस योजना का मुख्य लाभ छोटे और सीमांत किसानों को मिलता है।
✅ कृषि क्षेत्र को मजबूत बनाना – किसानों को प्रोत्साहित करना और राज्य की कृषि अर्थव्यवस्था को सुधारना।
🔹 पात्रता और आवश्यक दस्तावेज
▶ पात्रता
✔ आवेदक बिहार का स्थायी निवासी होना चाहिए।
✔ किसान के पास कृषि भूमि होनी चाहिए या वह पट्टेदार किसान होना चाहिए।
✔ फसल नुकसान प्राकृतिक आपदा या अन्य कारणों से हुआ हो।
✔ आवेदक के पास एक वैध बैंक खाता होना चाहिए जो आधार से लिंक हो।
▶ आवश्यक दस्तावेज
📌 आधार कार्ड
📌 निवास प्रमाण पत्र
📌 भूमि स्वामित्व प्रमाण पत्र या लीज एग्रीमेंट (पट्टेदार किसानों के लिए)
📌 बैंक खाता पासबुक
📌 मोबाइल नंबर
📌 खेत का विवरण और फसल की जानकारी
🔹 बिहार राज्य फसल सहायता योजना 2025 ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया
बिहार राज्य फसल सहायता योजना के लिए आवेदन ऑनलाइन किया जा सकता है। नीचे दी गई प्रक्रिया का पालन करें:
▶ ऑनलाइन आवेदन करने के स्टेप्स
1️⃣ आधिकारिक वेबसाइट पर जाएं
सबसे पहले, बिहार सरकार की कृषि विभाग की आधिकारिक वेबसाइट https://pacsonline.bih.nic.in/ पर जाएं।
2️⃣ होमपेज पर लॉगिन करें
✔ यदि आप पहले से रजिस्टर्ड हैं, तो अपनी यूजर आईडी और पासवर्ड डालकर लॉगिन करें।
✔ नए उपयोगकर्ता को पहले रजिस्ट्रेशन करना होगा।
3️⃣ नया आवेदन भरें
✔ “बिहार राज्य फसल सहायता योजना 2025” के लिंक पर क्लिक करें।
✔ मांगी गई सभी जानकारी जैसे व्यक्तिगत विवरण, बैंक खाता जानकारी, भूमि का विवरण, फसल की जानकारी आदि दर्ज करें।
4️⃣ आवश्यक दस्तावेज अपलोड करें
✔ सभी स्कैन किए गए दस्तावेज़ अपलोड करें जैसे कि आधार कार्ड, बैंक पासबुक, भूमि स्वामित्व प्रमाण पत्र, आदि।
5️⃣ फॉर्म को सबमिट करें
✔ सभी जानकारी भरने के बाद “Submit” बटन पर क्लिक करें।
✔ आवेदन का प्रिंटआउट निकालकर अपने पास रखें।
6️⃣ आवेदन की स्थिति जांचें
✔ आवेदन जमा करने के बाद, आप इसकी स्थिति “Application Status” सेक्शन में जाकर देख सकते हैं।
🔹 मुआवजा राशि और भुगतान प्रक्रिया
बिहार राज्य फसल सहायता योजना के तहत मुआवजा राशि निम्नानुसार दी जाती है:
✅ फसल का 20% या अधिक नुकसान होने पर: ₹7,500 प्रति हेक्टेयर
✅ फसल का 30% या अधिक नुकसान होने पर: ₹10,000 प्रति हेक्टेयर
👉 यह राशि सीधे किसानों के बैंक खाते में DBT के माध्यम से भेजी जाती है।
🔹 योजना से जुड़ी महत्वपूर्ण तिथियां
📌 योजना की शुरुआत – जनवरी 2025
📌 ऑनलाइन आवेदन शुरू – जनवरी 2025
📌 आवेदन की अंतिम तिथि – मार्च 2025
📌 मुआवजा वितरण तिथि – अप्रैल 2025 से
👉 सरकार समय-समय पर तारीखों में बदलाव कर सकती है, इसलिए आधिकारिक वेबसाइट चेक करते रहें।
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🔹 निष्कर्ष
बिहार राज्य फसल सहायता योजना 2025 किसानों के लिए एक बेहतरीन पहल है, जिससे उन्हें प्राकृतिक आपदाओं के कारण हुए फसल नुकसान की भरपाई के लिए वित्तीय सहायता मिलती है। इस योजना का सबसे बड़ा फायदा यह है कि इसमें किसानों को किसी भी प्रकार का बीमा प्रीमियम नहीं भरना पड़ता और राज्य सरकार सीधे मुआवजा देती है।
यह योजना राज्य के किसानों को आत्मनिर्भर बनाने और कृषि उत्पादन को बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। जो भी किसान इस योजना का लाभ उठाना चाहते हैं, वे जल्द से जल्द ऑनलाइन आवेदन करें।
🔹 FAQs (अक्सर पूछे जाने वाले सवाल)
1️⃣ बिहार राज्य फसल सहायता योजना क्या है?
यह बिहार सरकार द्वारा चलाई गई एक योजना है, जिसके तहत किसानों को फसल नुकसान की स्थिति में मुआवजा प्रदान किया जाता है।
2️⃣ इस योजना के लिए कौन आवेदन कर सकता है?
बिहार का कोई भी किसान, जिसके पास खुद की कृषि भूमि हो या पट्टे पर खेती कर रहा हो, इस योजना के लिए आवेदन कर सकता है।
3️⃣ आवेदन करने की अंतिम तिथि क्या है?
आवेदन की अंतिम तिथि मार्च 2025 तक है, लेकिन किसी भी बदलाव के लिए आधिकारिक वेबसाइट पर नजर रखें।
4️⃣ इस योजना का लाभ कैसे मिलेगा?
अगर किसान की फसल को 20% या अधिक नुकसान होता है, तो उसे ₹7,500 प्रति हेक्टेयर और 30% से अधिक नुकसान होने पर ₹10,000 प्रति हेक्टेयर की सहायता दी जाएगी।
5️⃣ योजना के तहत राशि कैसे मिलेगी?
मुआवजा राशि किसानों के बैंक खाते में DBT (डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर) के माध्यम से भेजी जाएगी।